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सीमा पर पछाड़ने के बात भारत ने चीन को UNO में दी बड़ी मात, चीन को हरा भारत बना इस अहम बॉडी का सदस्य

चीन और भारत के बीच जारी गतिरोध और सीमा विवाद के बीच भारत को बड़ी कूटनीतिक जीत हासिल हुई हैं। भारत ने चीन पटकनी देते हुए अंतर्राष्ट्रीय संगठन यूनाइटेड नेशन की एक महत्वपूर्ण सीट को जीत लिया हैं। भारत ड्रैगन को सीमा पर तो मात दी ही हैं लेकिन अब चीन को संयुत्क राष्ट्र में भी जीत दर्ज कर ड्रैगन को उसकी जगह दिखा थी। संयुक्त राष्ट्र में प्रतिष्ठित इकोनॉमिक एंड सोशल काउंसिल (ECOSOC) में जगह बनाने के लिए भारत का चीन से मुकाबला हुआ है, जहां सदस्य देशों ने भारत का साथ दिया।भारत काउंसिल से जुड़े महिला स्थिति आयोग का सदस्य बन गया है। भारत इस बॉडी के सदस्य के रूप में चार साल तक रहेगा।

Credits Naiduniya

संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि टीएस तिरुमूर्ति इस बड़ी जीत की जानकारी देते हुए लिखा,’भारत ने प्रतिष्ठित ECOSOC में सीट हासिल कर ली है। भारत महिलाओं की स्थिति पर आयोग (CWS) का सदस्य चुना गया है। यह बताता है कि महिलाओं को लेकर हमारी प्रतिबद्धता किस तरह की है और महिला सशक्तिकरण की दिशा में हम कितना काम कर रहे हैं। इस समर्थन के लिए सभी का आभार।’ भारत की यह चीन और पाकिस्तान को जरूर पसंद नहीं आएगी लेकिन इससे साफ़ होता हैं कि दुनिया चीन के नहीं बल्कि भारत के साथ खड़ी हैं।

संयुक्त राष्ट्र संघ (UNO) के कमीशन ऑफ स्टेटस ऑफ वीमेन (CSW) के सदस्य के लिए भारत, अफगानिस्तान और चीन के बीच सीधा मुकाबला हुआ था। भारत और अफगानिस्तान ने 54 सदस्यों के बीच मतदान में जीत हासिल की, लेकिन चीन को इनमे से आधे सदस्य देशों के वोट भी प्राप्त नहीं हुए।

चीन और भारत के बीच पूर्वी लद्दाख में LAC के पास विवाद जारी हैं, दोनों देशों की सेनाये आमने – सामने हैं। चीन सीमा पर चालबाजियां करने से बाज नहीं आ रहा। ताजा जानकारी के मुताबिक चीन वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछा रहा है, जबकि दोनों देशों के बीच सीमा पर तनाव कम करने के लिए उच्च स्तरीय बातचीत हो रही है। अधिकारियों ने बताया, सीमा पर अपना संचार तंत्र मजबूत करने के लिए चीनी सेना (PLA) पैंगोंग झील के दक्षिण भाग में ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछा रही है। पीएलए की मंशा सीमा पर लंबे समय तक रुकने की है। अधिकारी के मुताबिक, भारत की चिंता यह है कि वे झील के दक्षिणी हिस्से में केबल बिछाने का काम तेजी से कर रहे हैं। 1 महीने पहले PLAने झील के उत्तरी इलाके में भी इसी तरह की केबल बिछाई थी। सैटेलाइट तस्वीरों में पैंगोंग झील के दक्षिणी हिस्से की रेत वाली जगहों पर असामान्य लाइनें नजर आई हैं, इसके बाद अलर्ट कर दिया गया है। हालाँकि भारतीय सेना चीन को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार हैं, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी अपने बयान में कहा हैं कि भारतीय सेना हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।

Written by Devraj Dangi

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